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अलीगढ़ ::एएमयू कुलपति जमीरउद्दीन शाह का सेवा काल सेना के इतिहास में स्वच्छ, अनुशासनप्रिय एवं वीरता की गाथाओं से परिपूर्ण है।

अमुवि ओल्ड बॉय आई ए एस ज़ुहैर बिन सगीर की प्रेस वार्ता।

आज मुरादाबाद में अमुवि ओल्ड बॉय और ज़िलाधिकारी ज़ूहेर बिन सग़ीर साहब ने एक प्रेस वार्ता की।

चाइल्ड लाईन संस्था है।
जो बच्चों के लियें काम करती हैं।
ख़ास कर चाईल्ड लेबर के लियें।

लावारिस बच्चे जो कही न कहीं पाये जातें हैं।

सूचना मिलने पर उनकी देखभाल और मदद की जाती है।

जो बच्चे अवांछित हैं, जैसे उनके माता पिता उन्हें लावारिस छोड़ देतें हैं। इस कारण उनकी दुर्दर्शा होती है , और वो मर जातें हैं।

कुछ लोग अपने परिवार में बेटी पैदा होने पर उन्हें मार देतें है या फ़िर उन्हें मरने के लियें फ़ेंक दिया जाता है।

सुनेहरा उपहार एक ngo बनाई गई है।

इसके कार्यालय के बहार वहां एक पालना लगाया जायेगा और उसके साथ एक बेल लगाई जायेगी, बस कोई भी वहां बच्चा रख कर घंटी बजा दे,

अगर कोई अपनी बेटी से छुटकारा चाहता है तो उसे मारे नहीं, बल्कि हमें दे दे, हम उसका ख़र्चा उठायेगें।

इस सबका ख़र्च सरकार और ngo मिल कर उठायेगें।

उसका सभी चिकत्सीय परिक्षण हम करायेंगें। अगर उसे कोई गंभीर बीमारी है तो उसका समस्त ख़र्च हम या ngo उठाएगा।

बाद में नियमानुसार बे-औलाद परिवार को प्राथमिकता के आधार पर क़ानून के मुताबिक़ व प्रथम आओ प्रथम पाओ के मुताबिक़ वो बच्चा या बच्ची उन्हें दे दी जायेगी।

देश में एक वेबसाइट है, उस पर मिली बच्ची का फ़ोटो उस साईड पर भी उपलोड किया जायेगा।

हो सकता है किसी ने रंजिश में किसी का बच्चा चुरा कर वहां रख दिया है तो इस वेबसाइट के ज़रिये ये बच्चा उसके असली माँ बाप को जांच के बाद सोप दिया जायेगा।

मुरादाबाद के लोग बहुत बढ़िया हैं, उनके साथ मिल कर हम लोग बेटी बचाओ अभियान को कामयाबी से चलायेंगें।

हम कोई भेद भाव नहीं करेंगें, बच्चा काला हो या गोरा, किसी भी धर्म या मज़हब का हो हम सबको एक साथ रखेंगें और बराबर रखेंगें।

ये अभियान नावजात बच्चों के लियें बहुत बढ़िया अभियान है।

समाज में नवजात बच्चों से छुटकारा पाने में वो लोग होते हैं जो लड़की नहीं चाहतें हैं, या अवैध संतान से समाज के डर से छुटकारा पाना चाहतें हैं, या फिर वो ज़्यादा बच्चों का पालन नहीं कर पाते हैं।

इस अभियान का शुभारंभ 06 अगस्त को किया जायेगा।

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